– सवाई माधोपुर के नादौती उपखंड में घूसखोरी के नेटवर्क का पर्दाफाश
जयपुर। सवाई माधोपुर जिले के नादौती उपखंड में एसीबी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए घूसखोरी के नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। एसीबी टीम ने एसडीएम काजल मीना, उनके रीडर दिनेश कुमार सैनी और वरिष्ठ सहायक प्रवीण धाकड़ को 60 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों डिटेन किया। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के डीजी गोविन्द गुप्ता के अनुसार, परिवादी ने शिकायत दी थी कि उसकी भूमि की फाइनल डिक्री जारी करने के एवज में एसडीएम द्वारा रीडर के माध्यम से रिश्वत मांगी जा रही है। पहले एक लाख रुपए की मांग की गई, बाद में 50 हजार रुपए में सौदा तय हुआ।
जाल में फंस गए तीनों आरोपी
गोपनीय सत्यापन में खुलासा हुआ कि 50 हजार रुपए एसडीएम के लिए और 10 हजार रुपए रीडर के लिए मांगे गए। इसके बाद एसीबी ने ट्रैप बिछाकर 16 अप्रैल को कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान रीडर ने रिश्वत की रकम लेकर वरिष्ठ सहायक को सौंप दी। जैसे ही रकम का लेन-देन हुआ, एसीबी टीम ने तीनों आरोपियों को मौके पर ही दबोच लिया। छापे के दौरान बड़ा खुलासा तब हुआ, जब बैग से 60 हजार रुपए की रिश्वत राशि के अलावा 4 लाख रुपए की संदिग्ध नकदी भी बरामद हुई। इस रकम के स्रोत को लेकर एसीबी पूछताछ कर रही है।
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नेटवर्क को खंगाल रही एसीबी
यह पूरी कार्रवाई एसीबी के उप महानिरीक्षक डॉ. रामेश्वर सिंह के सुपरविजन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ज्ञान सिंह चौधरी द्वारा अंजाम दी गई। वहीं, एडीजी स्मिता श्रीवास्तव और आईजी एस. परिमला के निर्देशन में आगे की जांच जारी है। एसीबी ने आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है और पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच की जा रही है।
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