जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की पहल और चिकित्सा मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर के निर्देशन में प्रदेशभर में मिलावट के खिलाफ चल रहे अभियान ने राजधानी में बड़ा असर दिखाया है। ‘शुद्ध आहार एवं मिलावट पर वार’ अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने सघन कार्रवाई करते हुए कई जगहों पर छापेमारी, सैंपलिंग और जब्ती की कार्रवाई की।
सॉस से लेकर गुलकंद सभी मिलावटी

खाद्य सुरक्षा आयुक्त डॉ. टी. शुभमंगला के अनुसार, मैसर्स शंकर एजेंसी से गुलकंद सिरप, गवावा क्रश, पपीता प्रिजर्व फूड, सोया सॉस, चिली सॉस और कॉन्टिनेंटल सॉस के 6 नमूने लिए गए। मिलावट के शक पर 99 लीटर गुलकंद सिरप, 22 लीटर गवावा क्रश, 97 किलो पपीता प्रिजर्व, 142 किलो सोया सॉस, 78 किलो ग्रीन चिली सॉस और 120 किलो कॉन्टिनेंटल सॉस सीज किए गए। वहीं 175 किलो कस्टर्ड पाउडर, 240 किलो चेरी पपीता फ्रूटी और 750 किलो फलूदा मौके पर ही नष्ट कराया गया।
यह भी देखें: हड़ताल के बीच भी नहीं थमी इलाज की रफ्तार, प्रदेश में 20 हजार मरीजों को मिला उपचार
घी निर्माताओं को सख्त हिदायत
1422 लीटर मिलावटी घी को सीज करते खाद्य सुरक्षा अधिकारी।अतिरिक्त आयुक्त भगवत सिंह ने बताया कि श्री अनु मिल्क प्रोडक्ट्स लिमिटेड के निरीक्षण के दौरान घी के विभिन्न बैचों के नमूने लिए गए और 1422 लीटर घी सीज किया गया। बिलौना घी के एक बैच के असुरक्षित पाए जाने पर उसके विक्रय पर तत्काल रोक लगाते हुए संबंधित विक्रेताओं और निर्माताओं को सख्त निर्देश जारी किए गए हैं।
यह भी देखें: बीकानेर में ‘घी घोटाला’! 525 का देसी घी 410 में बेचकर खेल, 765 किलो मिलावटी माल जब्त
मिलावटखोरों में मचा हड़कंप
खाद्य सुरक्षा विभाग की इस सख्त कार्रवाई से मिलावटखोरों में हड़कंप मच गया है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि आमजन की सेहत से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ इसी तरह कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।
ऐसी ही खबरों के लिए देखें: Democraticbharat.com







