– राजस्थान में राज्यसभा चुनाव से पहले BJP में मंथन तेज
जयपुर। राजस्थान में आगामी राज्यसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी के भीतर सियासी हलचल तेज हो गई है। पार्टी हाईकमान अब राजस्थान की दो “सुरक्षित” मानी जा रही सीटों में से एक पर महिला चेहरे को उतारने पर गंभीर मंथन कर रहा है। दिल्ली से लेकर जयपुर तक चल रही बैठकों और राजनीतिक गतिविधियों ने संकेत दे दिए हैं कि इस बार भाजपा राज्यसभा चुनाव में सामाजिक और राजनीतिक संतुलन साधने की रणनीति पर आगे बढ़ सकती है। सूत्रों के मुताबिक मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जल्द ही प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात कर सकते हैं, जबकि भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ की भी केंद्रीय नेतृत्व से वन-टू-वन बैठक होने की चर्चा है। माना जा रहा है कि इन बैठकों में राज्यसभा उम्मीदवारों के नामों पर अंतिम रणनीति तय हो सकती है।
महिला उम्मीदवार पर BJP का बड़ा दांव?
भाजपा के अंदरूनी राजनीतिक हलकों में चर्चा है कि पार्टी इस बार महिला नेतृत्व को बड़ा प्रतिनिधित्व देने की तैयारी में है। राज्यसभा की संभावित महिला दावेदारों में कई चर्चित नाम सामने आ रहे हैं। इनमें भाजपा राष्ट्रीय महिला मोर्चा उद्यमी प्रकोष्ठ की अखिल भारतीय सह संयोजक और यूनियन बजट कमेटी 2026 की सदस्य भगवती देवी बल्दवा का नाम प्रमुखता से लिया जा रहा है। इसके अलावा प्रसिद्ध अर्थशास्त्री ज्योति नरुखा, भाजपा राष्ट्रीय सचिव अलका गुर्जर, पुष्पा कूलेरिया और गुर्जर आंदोलन से जुड़े कर्नल बैसला की पुत्री एवं रिटायर्ड आयकर अधिकारी सुनीता बैसला के नाम भी चर्चा में हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा इस बार सामाजिक समीकरणों और महिला प्रतिनिधित्व को ध्यान में रखकर उम्मीदवार चयन कर सकती है।
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रवनीत सिंह बिट्टू राजस्थान से हो सकते हैं बाहर
राजस्थान की राजनीति में सबसे ज्यादा चर्चा केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू को लेकर हो रही है। सूत्रों का दावा है कि भाजपा इस बार उन्हें राजस्थान के बजाय मध्यप्रदेश या गुजरात से राज्यसभा भेजने पर विचार कर रही है। बताया जा रहा है कि मध्यप्रदेश में राज्यसभा की तीन सीटों में भाजपा आराम से दो सीट जीत सकती है। ऐसे में पार्टी वहां बड़ा राजनीतिक संतुलन बनाना चाहती है। वहीं गुजरात में भी भाजपा के पास चारों सीटें जीतने का गणित मौजूद है, इसलिए वहां से भी किसी केंद्रीय मंत्री को भेजे जाने की संभावना जताई जा रही है। यदि ऐसा होता है तो राजस्थान की एक सीट पर स्थानीय भाजपा नेता के लिए रास्ता खुल सकता है।
राजेंद्र राठौड़ समेत कई बड़े नेता रेस में
राजस्थान से दूसरी संभावित राज्यसभा सीट के लिए भाजपा के भीतर कई बड़े नाम सक्रिय बताए जा रहे हैं। इनमें पूर्व नेता प्रतिपक्ष राजेन्द्र राठौड़ का नाम सबसे प्रमुख माना जा रहा है। इसके अलावा उद्योग और डिजाइन जगत से जुड़े नरसी कूलेरिया का नाम भी चर्चा में है। भाजपा संगठन के भीतर जातीय और क्षेत्रीय संतुलन को ध्यान में रखते हुए अंतिम नाम तय किए जाने की संभावना जताई जा रही है।
बोर्ड-निगम नियुक्तियों को लेकर भी हलचल
राज्यसभा चुनाव के साथ-साथ प्रदेश में बोर्ड, निगम और आयोगों में राजनीतिक नियुक्तियों को लेकर भी भाजपा संगठन और सरकार के भीतर हलचल तेज हो गई है। माना जा रहा है कि मई के आखिरी सप्ताह में पहली सूची जारी हो सकती है। सूत्रों के मुताबिक पूर्व प्रदेशाध्यक्ष अशोक परनामी, पूर्व सांसद संतोष अहलावत, सुभाष बहेड़िया, पूर्व मंत्री प्रभुलाल सैनी, सौम्या गुर्जर, बीएल नवल, प्रसन्न मेहता और हरिराम रिणवा जैसे नेताओं के नाम प्रमुख दावेदारों में शामिल हैं।
जून में मंत्रिमंडल फेरबदल की भी चर्चा
भाजपा के राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा भी जोरों पर है कि राज्यसभा चुनाव के बाद जून महीने में भजनलाल सरकार के मंत्रिमंडल में बड़ा फेरबदल हो सकता है। इसके बाद बोर्ड-निगम नियुक्तियों का दूसरा चरण भी देखने को मिल सकता है, जिसमें युवा नेताओं और संगठन से जुड़े पदाधिकारियों को मौका दिए जाने की संभावना है। राजस्थान भाजपा में चल रही इन गतिविधियों ने साफ कर दिया है कि आने वाले कुछ सप्ताह प्रदेश की राजनीति के लिए बेहद अहम साबित होने वाले हैं।
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